Gajar ki kheti, की जानकारी

Gajar ki kheti, करने के लिए सही जानकारी  रखना बहुत जरुरी होता है, गाजर की खेती कब और कैसे करें, उन्नत किस्म बुवाई का समय, खाद उर्वरक, सिंचाई खरपतवार नियंत्रण ऐ सभी चीजों का ध्यान रखना बहुत महत्वपूर्ण होता है। गाजर की खेती करने का सही समय सितंबर से मध्य अक्टूबर तक का बहुत सही समय माना जाता है,

Gajar ki kheti की तैयारी और देखभाल

Gajar ki kheti ki tayari

गाजर की खेती करने के लिए, रेतीली मिट्टी, दोमट मिट्टी, हल्की मिट्टी, ऐ सभी प्रकार की मिट्टी में गाजर के फसल का अच्छा उत्पादन होता है, खेत की गहरी जोताई और मिट्टी को अच्छी भुरभुरी बनालें, गाजर की बुवाई के लिए खेत को अच्छी तरह से तैयार करलें, खेत की उत्तम जल निकासी रखे, खेत में जलभराव न हो ,

गाजर की उन्नत किस्म 

  • Pusa vrishti गाजर किस्म
  • Hisar rasili गाजर किस्म
  •  Sungro 404 गाजर किस्म
  •  Sungro supro red गाजर किस्म
  •  Golden rossy गाजर किस्म
  • Global Seeds गाजर किस्म
  •  Doctor desi red गाजर किस्म

गाजर की ऐ सभी किस्म एक अच्छा उत्पादन देने वाली किस्म होती है, और 90 से 110 दिन में तैयार हो जाती है,

गाजर की बुवाई के समय वैसल डोज और बीज की मात्रा 

गाजर की बुवाई के लिए बीज की मात्रा 3.5 से 4 किलोग्राम तक की आवश्यकता होती है, और गाजर की बुवाई बैड विधी से करना ज्यादा उपयुक्त माना जाता है,

  • बैड की चौड़ाई 2 फीट
  • बैड से बैड की दूरी 1.5 फीट से 2 फीट तक होनी चाहिए

गाजर की फसल में अच्छा उत्पादन के लिए पोषक तत्व फॉस्फोरस, पोटाश, सल्फर, कैल्शियम जैसे पोषक तत्वों की पूर्ती करना बहुत जरुरी होता है।

  • SSP खाद दानेदार  2 बैग
  • DAP खाद 50 किलोग्राम
  • MOP खाद 40 किलोग्राम

गाजर की बुवाई के समय प्रति एकड़ के दर से सभी खादों का प्रयोग करें।

गाजर की फसल में सिंचाई

गाजर की फसल में सिंचाई बुवाई के बाद हल्की सिंचाई करें, फसल में पानी का जमाव न करें, पानी का जमाव होने से फसल को भारी नुकसान होता है, इसलिए गाजर की फसल में जरुरत के हिसाब से सिंचाई करें।

गाजर की फसल में खरपतवार नियंत्रण 

Gajar ki fasal men kharpatwar niyantran

गाजर की फसल बुवाई के 30 से 35 दिन की हो जाए, फसल में जो भी खरपतवार का जमाव हो उसे निराई गुड़ाई के माध्यम से खरपतवार को निकल दें, निराई गुड़ाई के अलावा कीटनाशक की मदद से खरपतवार का नियंत्रण करें, इसके लिए,(pre emergence herbicide 1 लीटर ) 200 लीटर पानी के साथ मिलाकर स्प्रे करें, यह स्प्रे बुवाई के तुरंत बाद स्प्रे करें, बुवाई के तुरंत बाद करने से खरपतवार का जमाव नहीं होगा,

गाजर की फसल में कीट नियंत्रण स्प्रे 

गाजर की फसल स्वस्थ रहे, कीट बीमारी मुक्त रहे, और गाजर की साइज़ अच्छी हो, तमाम प्रकार के बीमारी से बचाव और गाजर की फसल की अच्छी ग्रोथ हो, इसके लिए कीटनाशक स्प्रे करना बहुत जरुरी होता है, जब गाजर की फसल 30 से 35 दिन की हो जाए, कीटनाशक स्प्रे

20 लीटर पानी में मिलाकर पहला स्प्रे करें,

गाजर की फसल में दूसरा स्प्रे जब फसल  60 से 65 दिन की हो जाए,

  •  Metalaxy- m 3.3%+ chlorothalonil 33.1% sc 25ml
  •  Isocycloseram 9.2%+Isocycloseram 10%DC 25ml
  •  Ju potash 18 gm

सभी कीटनाशक स्प्रे को 15 से 20 लीटर  पानी में मिलाकर प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करें,

गाजर की फसल में खाद उर्वरक जब फसल एक महीने की हो जाए,

  • मैग्नेशियम सल्फेट 15 किलोग्राम
  • फेरस सल्फेट 5 किलोग्राम
  • अमेनियम सल्फेट 25 किलोग्राम
  • यूरिया खाद 20 किलोग्राम
  • ह्यूमिक एसिड 500 ग्राम

सभी खादों का छिड़काव प्रति एकड़ के दर से करें, और खाद का छिड़काव करने के बाद हल्की सिंचाई करें, गाजर की फसल में अच्छा परिणाम देखने को मिलेगा, गाजर की फसल की तैयार होने के अवधि लगभग 100 से 120 दिन तक की होती है, और गाजर के फसल की अच्छे तरीके से खेती करके एक अच्छा उत्पादन निकाला जा सकता है।

 

 

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