Gehu men खरपतवार नाशक दवा डालें जब गेहूं की फसल 25 से 30 दिन की हो जाए तब डालें। पहले गेहूं की फसल की सिंचाई करें फिर खरपतवार नाशक का स्प्रे करें। गेहूं की फसल में सिंचाई के बाद तरह तरह के खरपतवार देखने को मिलते है, फसल में खरपतवार हो जाने से खाद उर्वरक का पोषक तत्व फसल को नहीं मिल पाता है, सारा पोषक तत्व खरपतवार में चला जाता है। और गेहूं की फसल को दवा देता है,

Gehu men चौड़ी पत्ती सकड़ी पत्ती खरपतवार
गेहूं में खरपतवार होने पर नजर अंदाज न करें। चाहे चौड़ी पत्ती वाला खरपतवार हो या सकड़ी पत्ती, भथुआ वाला खरपतवार हो इन खरपतवारों को बढ़ावा न दें, गेहूं की फसल में खरपतवार नाशक डालने से पहले ध्यान देना जरुरी होता है, की गेहूं वाले खेत में पर्याप्त नमी होनी चाहिए। तब खरपतवार नाशक का स्प्रे करें, बहुत लोग गलती कर देते है, पहले खरपतवार नाशक का स्प्रे कर देते है, फिर गेहूं की फसल में सिंचाई करते है, ऐसे में गेहूं की फसल में झटका आता है। और पौधे को काफी ज्यादा नुकसान होता है। ऐसा गलती कभी नहीं करनी चाहिए।
गेहूं की फसल में जब खरपतवार छोटी छोटी हो तभी खरपतवार नाशक का स्प्रे करें, अगर खरपतवार ज्यादा बड़ी हो गई हो तब खरपतवार नाशक का स्प्रे न करें। ऐसे में निराई गुड़ाई के माध्यम से खरपतवार को कंट्रोल करें।
खरपतवार नाशक दवा

खरपतवार नाशक बाजार में कई तरह के आते है। इसमें कौन सा स्तेमाल करना चाहिए,
- चौड़ी पत्ती खरपतवार नाशक, Metsulfuron Methyl20%wg 8 gram 200 लीटर पानी में घोल बना कर स्प्रे करें। प्रति एकड़ के हिसाब से, ऐ खरपतवार नाशक वे झिझक स्तेमाल किया जा सकता है।
- सकड़ी पत्ती खरपतवार नाशक, Clodinafop- Propargyl 15%WP 160 gram 200 लीटर पानी के साथ मिलाकर प्रति एकड़ के दर से स्प्रे करें,
- गेहू की फसल में कुछ जगह भथुआ, चौड़ी पत्ती, जंगली पालक ऐसे खरपतवार ज्यादा मात्रा में होते है, ऐसे में अलग से खरपतवार नाशक स्तेमाल करना पड़ता है,
- Clodinafop propargyl 15%+Metsulfuron methyl 1% WP 160 gram 180 लीटर पानी में घोल बनाकर प्रति एकड़ के दर से स्प्रे करें। गेहूं की फसल में खरपतवार नाशक का स्प्रे 30 दिन के अंदर ही करें। ऐ खरपतवार नाशक का स्प्रे करेने से सभी प्रकार के खरपतवार कंट्रोल हो जाते है।
गेहूं की फसल में सही समय से खरपतवारों का नियंत्रण करके गेहूं की फसल में अच्छा उत्पादन लिया जा सकता है। फसल की बुवाई के बाद देखभाल करना बहुत जरुरी होता है, और खरपतवार होने पर तुरंत खरपतवार नियंत्रण करें।
